अमेठी। जनपद में नकली खाद एवं रसायन निर्माण के भंडाफोड़ के बाद अब एक इंटर कॉलेज की भूमिका को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। किसान संगठनों की शिकायत पर मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) अमेठी ने तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है।

शिकायत में आरोप लगाया गया है कि प्रमोद आलोक इंटरमीडिएट कॉलेज के परिसर अथवा उससे जुड़े क्षेत्र में मान्यता की शर्तों का उल्लंघन करते हुए अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही थीं। शिक्षा के लिए निर्धारित परिसर का उपयोग गैरकानूनी कार्यों में किए जाने की आशंका जताई गई है, जिससे किसानों के हितों को नुकसान पहुंचा। डीआईओएस डॉ. राजेश द्विवेदी ने बताया कि गठित समिति आरोपों की बिंदुवार जांच करेगी तथा यह भी स्पष्ट करेगी कि विद्यालय की मान्यता शर्तों का पालन किया गया या नहीं। जांच समिति का नेतृत्व जीआईसी सोनारी कला के प्रधानाचार्य करेंगे, जबकि जूनियर हाईस्कूल मंगरा के प्रधानाध्यापक सहित एक अन्य शिक्षक सदस्य होंगे।
समिति को निर्धारित समय में रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। उधर किसान संगठनों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।






