प्रयागराज के धूमनगंज इलाके में 21 वर्ष पूर्व बसपा के तत्कालीन विधायक राजू पाल की सरेआम गोली मारकर की गई हत्या का दर्द आज भी उनकी पत्नी और चायल से विधायक पूजा पाल के दिल में जिंदा है, 25 जनवरी 2005 को हुए इस जघन्य हत्याकांड को 21 साल बीत चुके हैं, लेकिन पूजा पाल का कहना है कि इस लंबे संघर्ष के बावजूद उन्हें अब जाकर न्याय का एहसास हुआ है।
राजू पाल हत्याकांड में मुख्य आरोपी के तौर पर पूर्व सांसद फूलपुर अतीक अहमद और उसके भाई पूर्व विधायक खालिद अजीम उर्फ अशरफ का नाम सामने आया था, हत्या के बाद अपराधियों ने कई किलोमीटर तक राजू पाल पर गोलियां बरसाईं, जिससे पूरे प्रदेश में आक्रोश फैल गया था।
श्रद्धांजलि सभा में भावुक हुईं पूजा पाल
रविवार को धूमनगंज स्थित स्वर्गीय राजू पाल के समाधि स्थल पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जिसमें भाजपा कार्यकर्ता, स्थानीय लोग और राजू पाल के समर्थक शामिल हुए, चायल की विधायक पूजा पाल ने समाधि स्थल पर पहुंचकर पुष्प अर्पित किए, आरती की और अपने दिवंगत पति को नमन किया।
इस दौरान समर्थकों ने नारे लगाए, वहीं पूजा पाल भावुक नजर आईं, उन्होंने कहा,
“जिस बाहुबली से मैं लड़ रही थी, उससे लड़ना आसान नहीं था। लेकिन मैंने हार नहीं मानी। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की वजह से मुझे न्याय मिला।”
‘योगी जैसे मुख्यमंत्री मिलना मुश्किल’
पूजा पाल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की खुलकर तारीफ करते हुए कहा कि उनकी जीत और न्याय मिलने के पीछे सबसे बड़ी वजह योगी सरकार है,
उन्होंने कहा, “ऐसा मुख्यमंत्री मिलना मुश्किल है। मेरी जीत की असली वजह योगी जी हैं, 21 साल बाद इस मामले का परिणाम सामने आया है।”
उन्होंने आगे कहा कि यह लड़ाई सिर्फ उनके परिवार की नहीं, बल्कि न्याय और कानून के शासन की लड़ाई थी।
हत्याकांड के आरोपियों पर हुई कड़ी कार्रवाई
गौरतलब है कि इस हत्याकांड के मुख्य आरोपी अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की मौत हो चुकी है, जबकि मामले में शामिल अधिकांश अन्य आरोपी कानून के शिकंजे में आ चुके हैं, पूजा पाल ने कहा कि यह फैसला उन सभी लोगों के लिए संदेश है, जो खुद को कानून से ऊपर समझते हैं।





