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भाजपा में अंदरूनी घमासान, अखिलेश यादव का बड़ा हमला

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डबल इंजन ही नहीं, भाजपा के डिब्बे भी आपस में टकरा रहे हैं

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सियासत में उस वक्त हलचल तेज हो गई जब समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत के बीच टकराव को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर करारा हमला बोला। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार की अंदरूनी कलह को सत्ता के पतन का संकेत बताया।

अखिलेश यादव बोले – भाजपा में सत्ता की लड़ाई चरम पर

अखिलेश यादव ने कहा कि उन्होंने पहले ही आगाह किया था कि भाजपा का तथाकथित ‘डबल इंजन’ अब आपस में ही नहीं, बल्कि उसके डिब्बे भी टकराने लगे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के मंत्री और विधायक जनता की सेवा या विकास कार्यों में नहीं, बल्कि पैसे कमाने और जमीन कब्जाने में व्यस्त हैं।

जनता और विकास से दूर, आपसी आरोपों में उलझी भाजपा

सपा अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा के नेता जनता के गुस्से से बचने के लिए एक-दूसरे पर दोष मढ़ रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब अपनी ही सरकार का विधायक, अपनी ही सरकार के मंत्री को बंधक बनाए, तो यह साफ दर्शाता है कि भाजपा के भीतर हालात कितने बिगड़ चुके हैं।

विधायक द्वारा मंत्री को बंधक बनाना बना सत्ता संकट का प्रतीक

अखिलेश यादव ने इस घटनाक्रम को भाजपा सरकार की विफलता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि यह महज दो नेताओं के बीच का विवाद नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश में भाजपा विधायकों की बेचैनी और डर का नमूना है।

हर विधानसभा में यही हाल, भाजपा को नहीं मिलेंगे प्रत्याशी

अखिलेश यादव ने दावा किया कि प्रदेश की लगभग हर विधानसभा में भाजपा के भीतर यही स्थिति है। उन्होंने कहा कि जनता से कट चुकी भाजपा अगले चुनाव में इतनी कमजोर स्थिति में होगी कि उसे चुनाव लड़ने के लिए प्रत्याशी तक नहीं मिलेंगे।

भाजपा की सत्ता पटरी से उतर चुकी है

सपा प्रमुख ने अपने बयान में साफ शब्दों में कहा कि भाजपा सरकार अब पटरी से उतर चुकी है। अंदरूनी लड़ाइयों, सत्ता संघर्ष और जनता से दूरी के चलते भाजपा का भविष्य अंधकारमय है।

सियासी गलियारों में बढ़ी हलचल

अखिलेश यादव के इस तीखे हमले के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। विपक्ष इस घटनाक्रम को भाजपा सरकार की नाकामी बता रहा है, जबकि सत्ता पक्ष पर जवाब देने का दबाव बढ़ता जा रहा है।

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