महानवमी 2026: मां सिद्धिदात्री की पूजा, मुहूर्त और विधि
Chaitra Navratri की महानवमी 27 मार्च 2026 को मनाई जाएगी। यह दिन Goddess Siddhidatri को समर्पित है, जिन्हें सिद्धि, ज्ञान और मोक्ष प्रदान करने वाली देवी माना जाता है।
महत्वपूर्ण मुहूर्त
- तिथि समाप्ति: सुबह 10:06 बजे तक
- कन्या पूजन व हवन मुहूर्त: सुबह 6:17 से 10:54 बजे तक इस समय के भीतर पूजा, हवन और कन्या पूजन करना शुभ माना गया है। मां सिद्धिदात्री की पूजा विधि
- सुबह ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें
- माता को लाल या गुलाबी फूल और वस्त्र अर्पित करें
- धूप-दीप और नैवेद्य चढ़ाएं
- माता की कथा सुनें और आरती करें
- 9 कन्याओं को भोजन कराकर कन्या पूजन करें
- अंत में हवन करें मां का प्रिय भोग
मां सिद्धिदात्री को हलवा, पूड़ी और चना का भोग लगाया जाता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार:
मां सिद्धिदात्री का महत्व
- मां अपने भक्तों को आठ सिद्धियां प्रदान करती हैं
- जीवन की बाधाएं दूर होती हैं
- ज्ञान, विवेक और मोक्ष की प्राप्ति होती है
- घर में सुख-समृद्धि आती है प्रमुख मंत्र
- बीज मंत्र: ॐ देवी सिद्धिदात्र्यै नमः
- स्तुति मंत्र: या देवी सर्वभूतेषु माँ सिद्धिदात्री रूपेण संस्थिता…
महानवमी का दिन साधना और पूजा के लिए बेहद खास होता है। इस दिन विधि-विधान से पूजा करने पर मां सिद्धिदात्री की कृपा प्राप्त होती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
Disclaimer: यह जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है, किसी भी अनुष्ठान को करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।






