एशिया कप 2025 में आज भारत और पाकिस्तान के बीच हाई-वोल्टेज क्रिकेट मुकाबला खेला जाना है। इस मैच को लेकर जहां करोड़ों क्रिकेट प्रेमी उत्साहित हैं, वहीं “ऑपरेशन सिंदूर” की पृष्ठभूमि में इसे लेकर देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन भी देखने को मिल रहा है। इसी बीच, भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के पूर्व सांसद और भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह का इस विवाद पर बयान सामने आया है, जो अब चर्चा का विषय बन गया है।
“खेल भावना से चलता है, राजनीति से नहीं”
भारत-पाकिस्तान मैच पर विरोध को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए बृजभूषण शरण सिंह ने कहा,खेल की एक अलग दुनिया होती है। खेल भावनाओं से नहीं, नियमों और अंतरराष्ट्रीय मानकों से चलता है। जब किसी देश को कोई इंटरनेशनल टूर्नामेंट आयोजित करने का अवसर मिलता है, तो उसमें पहली शर्त यही होती है कि जाति, भाषा या किसी भी आधार पर किसी देश को भाग लेने से नहीं रोका जा सकता। जो लोग इस मैच का विरोध कर रहे हैं, वे शायद खेल की गंभीरता और उसकी वैश्विक जिम्मेदारियों को नहीं समझते।”
Donald Trump पर भड़के बृजभूषण
जब बृजभूषण शरण सिंह से पूछा गया कि क्या अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दबाव में यह भारत-पाक मैच हो रहा है, तो उनका जवाब काफी तीखा था। उन्होंने कहा:ट्रंप स्रंप माने क्या है भाई? ट्रंप क्या है? पागल है और क्या है! हर बार ट्रंप, हर बार ट्रंप…पागल का नाम लेते हो!”उनके इस बयान ने सोशल मीडिया पर हलचल मचा दी है, जहां लोग इसे लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ ने इसे साहसी बयान बताया तो कईयों ने इसे गैर-राजनीतिक और असंयमित करार दिया।”हम हर खेल से जुड़े हैं” – खेल संगठन में वापसी पर बयानखेल संगठनों से दोबारा जुड़ने के सवाल पर बृजभूषण ने कहा:हम कहां अलग हुए हैं? हम हर खेल से जुड़े हुए हैं। ये बात अलग है कि अब कुछ लोग गंदगी फैलाना चाहते थे, लेकिन अब वह गंदगी साफ हो रही है।
”उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में एक ‘खेल अनुकूल माहौल’ बना है। जब से मोदी सरकार आई है, खेल को लेकर देशभर में सकारात्मक माहौल बना है। जो नए खेल मंत्री आए हैं, वो धीरे-धीरे पुराने सिस्टम की गंदगी को दूर कर रहे हैं। पूरे देश में खेल को लेकर नई ऊर्जा है। हम 2036 में ओलंपिक भारत में कराने की दिशा में तैयारी कर रहे हैं और पूरा देश इसके लिए एकजुट है। ”भारत-पाकिस्तान मैच हमेशा से ही क्रिकेट से ज्यादा भावनाओं और राजनीति से जुड़ा रहा है। इस बार भी स्थिति कुछ अलग नहीं है। हालांकि, बृजभूषण शरण सिंह जैसे वरिष्ठ नेता का यह कहना कि “खेल को राजनीति से दूर रखा जाना चाहिए”, एक अहम संदेश देता है। वहीं, ट्रंप को लेकर उनकी तीखी टिप्पणी ने इस मामले में नया विवाद जरूर खड़ा कर दिया है।







