मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रीअयोध्या धाम में माता सीता के जीवन-चरित पर आधारित ‘वैदेही आर्ट गैलरी’ की स्थापना के निर्देश दिए हैं। आवास एवं शहरी नियोजन विभाग की बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि सीता मइया भारतीय संस्कृति, मर्यादा और नैतिक मूल्यों की अनुपम प्रेरणा हैं। नई पीढ़ी को उनके उज्ज्वल जीवन-चरित्र से जोड़ना समय की आवश्यकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रस्तावित ‘वैदेही आर्ट गैलरी’ केवल एक सामान्य कला-संग्रहालय नहीं होगी, बल्कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से माता सीता के जीवन, त्याग, करुणा, मर्यादा, धैर्य और शक्ति को जीवंत रूप में प्रस्तुत करने वाली एक सांस्कृतिक अनुभव-स्थली होगी।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गैलरी की कथा-वस्तु (कंटेंट), डिजाइन, विज़ुअल प्रस्तुति, कला और तकनीकी पक्ष इस भावना को प्रकट करें कि यह दिव्य विरासत का आधुनिक पुनर्पाठ है। इसका उद्देश्य यह होना चाहिए कि आगंतुक माता सीता के जीवन-संदेश को केवल देखें ही नहीं, बल्कि उसे महसूस करें, समझें और आत्मसात करें।
अयोध्या विकास प्राधिकरण के साथ संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि यह परियोजना श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के निकट वशिष्ठ भवन परिसर में विकसित की जा सकती है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। उन्होंने कहा कि ‘वैदेही आर्ट गैलरी’ का निर्माण अयोध्या को वैश्विक सांस्कृतिक नगर के रूप में विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।
मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से निर्देश दिए कि गैलरी में मिथिला की संस्कृति, लोकपरंपराओं और कला के विविध आयामों को प्रमुखता से प्रदर्शित किया जाए, ताकि माता सीता की जन्मभूमि मिथिला की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को भी समुचित स्थान मिल सके।







