मथुरा में कथावाचक अनिरुद्धाचार्य महाराज ने बॉलीवुड अभिनेता शाहरुख खान और उनकी आईपीएल टीम कोलकाता नाइट राइडर्स से जुड़े विवाद पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि भारत से कमाया गया पैसा ऐसे लोगों को दिया जा रहा है, जो हिंदुओं से नफरत करते हैं और हिंसा को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह सही है कि भारत में कमाया गया पैसा उन लोगों तक पहुंचे, जो यहां के लोगों के खिलाफ हैं।
अनिरुद्धाचार्य महाराज ने कहा कि जो लोग हमारे साथ खेलते हैं और साथ खाते हैं, वही हमारे सच्चे मित्र होते हैं। उन्होंने सवाल किया कि जिन लोगों पर हिंदुओं के खिलाफ हिंसा के आरोप लगते हैं, उनके साथ क्रिकेट खेलना और उन्हें अपनी टीम में शामिल करना कितना ठीक है।
Also Read-संघ प्रमुख मोहन भागवत पहुंचे मथुरा, 7 दिवसीय अखिल भारतीय कार्यकारिणी बैठक की करेंगे अध्यक्षता
उन्होंने कहा कि आज भी ऐसी खबरें सामने आती रहती हैं, जिनमें हिंदुओं पर अत्याचार की बातें होती हैं। उन्होंने खरीदे गए खिलाड़ी की ऊंची कीमत का जिक्र करते हुए कहा कि पैसे से ज्यादा जरूरी यह है कि उन्हें भारत की भावनाओं को समझाया जाए।
महाराज ने बॉलीवुड पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि फिल्मी दुनिया के लोग खुद को बहुत ताकतवर समझते हैं और उन्हें लगता है कि कोई उनका कुछ नहीं बिगाड़ सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग समाज पर गलत असर डालने वाली चीजों का प्रचार करते हैं, लेकिन फिर भी उन पर कोई सवाल नहीं उठता।उन्होंने यह भी कहा कि भारत के लोगों से कमाया गया पैसा फिर ऐसे लोगों पर खर्च किया जाता है, जिन पर भारत विरोधी सोच रखने के आरोप लगते हैं। इसे उन्होंने लोगों के भरोसे के साथ धोखा बताया।
इतिहास और धर्म से जुड़े मुद्दों पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि मंदिर तोड़कर मस्जिदें बनाए जाने की घटनाएं गलत थीं। साथ ही उन्होंने मनुस्मृति पर हो रही बहस का जिक्र करते हुए कहा कि बिना सही जानकारी के किसी भी ग्रंथ पर टिप्पणी करना ठीक नहीं है।
अंत में उन्होंने साफ कहा कि वे किसी धर्म के लोगों के बहिष्कार की बात नहीं कर रहे हैं। उनका कहना है कि वे मुसलमानों के खिलाफ नहीं हैं, बल्कि उन लोगों की सोच का विरोध करते हैं जो हिंदुओं के प्रति नफरत और हिंसा को बढ़ावा देते हैं।





