राज्य में लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से परिवहन विभाग ने ठोस रणनीति के साथ आगे बढ़ने का फैसला लिया है। सड़क सुरक्षा माह 2026 के अंतर्गत विभाग ने हर वर्ष सड़क दुर्घटनाओं में 10 प्रतिशत की कमी और वर्ष 2030 तक कुल 50 प्रतिशत तक दुर्घटनाओं को कम करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है। इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए परिवहन विभाग के साथ-साथ पुलिस, लोक निर्माण विभाग, स्वास्थ्य, शिक्षा, शहरी विकास विभाग और विभिन्न सड़क एजेंसियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है।

राज्य स्तर पर लीड एजेंसी सुप्रीम कोर्ट द्वारा सड़क सुरक्षा से संबंधित जारी दिशा-निर्देशों के अनुपालन की नियमित निगरानी कर रही है। वहीं जिला स्तर पर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में डिस्ट्रिक्ट रोड सेफ्टी कमेटियां कार्य कर रही हैं। आरटीओ प्रवर्तन डॉ. अनीता चमोला ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं के वैज्ञानिक विश्लेषण के लिए आधुनिक तकनीक और विशेष सॉफ्टवेयर का उपयोग किया जा रहा है, जिससे दुर्घटनाओं के कारणों की गहन जांच कर भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
इसी क्रम में देहरादून जनपद में आगामी 4 फरवरी को दो घंटे का विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में सभी स्टेकहोल्डर विभागों के अधिकारी और कर्मचारी प्रतिभाग करेंगे। प्रशिक्षण में जेपीआरआई संस्थान का सहयोग भी लिया जाएगा, जो सड़क सुरक्षा और दुर्घटना जांच के क्षेत्र में पैन इंडिया स्तर पर उल्लेखनीय कार्य कर रहा है।





