यूपी–दिल्ली से 28 फरार आरोपी गिरफ्तार, 100 करोड़ के घोटाले से लेकर परीक्षा घोटाले तक खुलासे
लखनऊ। आर्थिक अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे ईओडब्ल्यू (Economic Offences Wing) के विशेष अभियान ‘ऑपरेशन शिकंजा’ को बड़ी सफलता मिली है। लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए गठित की गई टीमों ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए उत्तर प्रदेश और दिल्ली से 28 फरार अपराधियों को गिरफ्तार किया है।
फरार अपराधियों पर कसा शिकंजा
ईओडब्ल्यू ने फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए 8 विशेष टीमें गठित की थीं, जो लगातार अलग-अलग जिलों में दबिश दे रही थीं। इसी अभियान के तहत बड़ी संख्या में वांछित अभियुक्तों को पकड़ा गया।
गाजियाबाद का 100 करोड़ का घोटाला
गिरफ्तार आरोपियों में गाजियाबाद स्थित बाला जी हाईटेक कंट्रैक्टन से जुड़ा मामला भी शामिल है, जहां करीब 100 करोड़ रुपये का घोटाला सामने आया था। इस मामले में गाजियाबाद में 38 मुकदमे दर्ज किए गए थे।
मैनेजर फाइनेंस जयकांत गिरफ्तार
ईओडब्ल्यू ने इस घोटाले में अहम भूमिका निभाने वाले मैनेजर फाइनेंस जयकांत को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि वित्तीय अनियमितताओं और फर्जीवाड़े के जरिए सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया।
VDO परीक्षा घोटाले में बड़ी कार्रवाई
ईओडब्ल्यू की जांच में VDO परीक्षा में भारी धांधली का भी खुलासा हुआ है। यह परीक्षा टीसीएस (TCS) द्वारा आयोजित कराई गई थी। जांच के दौरान परीक्षा में गड़बड़ी करने वाले 6 अभ्यर्थियों और 1 कर्मचारी को गिरफ्तार किया गया है।
परीक्षा प्रणाली पर सवाल
इस कार्रवाई के बाद राज्य की परीक्षा प्रणाली और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ईओडब्ल्यू पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है।
मुसाफिरखाना आवास निर्माण में भ्रष्टाचार
केंद्र और राज्य सरकार की ओर से मुसाफिरखाना में चल रहे आवास निर्माण कार्य में भी भ्रष्टाचार सामने आया है। ईओडब्ल्यू ने इस मामले में रेजिडेंट इंजीनियर राधेश्याम को गिरफ्तार किया है।
भ्रष्टाचार पर EOW का बड़ा संदेश
ईओडब्ल्यू का कहना है कि सरकारी धन, परीक्षाओं और विकास कार्यों में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऑपरेशन शिकंजा के तहत आगे भी गिरफ्तारियां जारी रहेंगी।


