Yogi Adityanath ने प्रदेश में चल रहे Jal Jeevan Mission के कार्यों को लेकर सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि मिशन के तहत होने वाले खुदाई कार्यों में सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन किया जाए और काम पूरा होते ही सड़कों व गड्ढों को तत्काल भरा जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
स्थलीय निरीक्षण के निर्देश, अधिकारियों की जवाबदेही तय
मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्रदेश के सभी जिलों में जिलाधिकारी, जल जीवन मिशन से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी और अन्य विभागीय अधिकारी मौके पर जाकर निरीक्षण करेंगे। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जहां-जहां खुदाई की गई है, वहां सड़कें और गड्ढे समय पर भरे जाएं और आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।सरकार का मानना है कि कई स्थानों पर काम पूरा होने के बाद भी गड्ढे खुले रह जाते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। इसी को देखते हुए अब अधिकारियों को सीधे तौर पर जिम्मेदार बनाया गया है।
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लापरवाह ठेकेदारों पर कड़ी कार्रवाई
Yogi Adityanath ने यह भी साफ किया है कि जो कार्यदायी संस्थाएं या ठेकेदार काम को समय पर पूरा नहीं करते, अधूरा छोड़ देते हैं या लापरवाही बरतते हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। ऐसे मामलों में जुर्माना लगाने के साथ-साथ संबंधित एजेंसियों को ब्लैकलिस्ट भी किया जा सकता है।
इस कदम का उद्देश्य परियोजनाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाना है, ताकि जनता को समय पर बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर जोर
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि Jal Samadhan Portal पर दर्ज होने वाली जलापूर्ति, लीकेज और खुदाई से जुड़ी शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। इसके अलावा आम नागरिकों की सुविधा के लिए टोल फ्री नंबर 18001212164 भी जारी किया गया है, जहां लोग अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
हर घर जल पहुंचाने की दिशा में बड़ा अभियान
Jal Jeevan Mission के तहत उत्तर प्रदेश में तेजी से काम किया जा रहा है। राज्य में अब तक लगभग 2.50 करोड़ से अधिक ग्रामीण परिवारों को नल से जल कनेक्शन उपलब्ध कराया जा चुका है। खासकर विंध्य और बुंदेलखंड क्षेत्रों में लगभग शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया गया है।
सरकार का फोकस शहरी और ग्रामीण दोनों इलाकों में साफ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराना है। इसके लिए युद्धस्तर पर काम जारी है, ताकि हर घर तक पाइपलाइन के जरिए पानी पहुंच सके।
जनता की सुरक्षा और सुविधा सर्वोपरि
मुख्यमंत्री का यह सख्त रुख इस बात का संकेत है कि विकास कार्यों के साथ-साथ जनता की सुरक्षा और सुविधा को भी प्राथमिकता दी जा रही है। खुदाई के बाद सड़कों को समय पर दुरुस्त करना न केवल दुर्घटनाओं को रोकने में मदद करेगा, बल्कि यातायात व्यवस्था को भी बेहतर बनाएगा।
सरकार का मानना है कि योजनाओं का लाभ तभी सार्थक होगा जब उन्हें समय पर और सही तरीके से लागू किया जाए। ऐसे में अधिकारियों की जवाबदेही तय कर और निगरानी बढ़ाकर इस दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।






