कानपुर। कानपुर पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अंतरराज्यीय साइबर फ्रॉड नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पनकी थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 12,383 प्री-एक्टिवेटेड सिम कार्ड, 8 लैपटॉप, 8 स्मार्टफोन और 42 कीपैड मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी फर्जी दस्तावेजों और नकली पहचान पत्रों के जरिए सिम कार्ड एक्टिवेट कर उन्हें साइबर ठगों को उपलब्ध कराते थे। इन सिम कार्डों का इस्तेमाल देशभर में साइबर ठगी की घटनाओं को अंजाम देने के लिए किया जाता था।
पुलिस ने आरोपियों को पनकी थाना क्षेत्र स्थित अंडरपास के पास बने पतंजलि गोदाम के नजदीक से गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में दिल्ली, गाजियाबाद और हरियाणा के रहने वाले लोग शामिल हैं, जिससे इस नेटवर्क के अंतरराज्यीय स्तर पर संचालित होने की पुष्टि होती है। जांच में सामने आया है कि आरोपी बड़ी संख्या में फर्जी आईडी तैयार कर सिम कार्ड एक्टिवेट कराते थे और बाद में इन्हें साइबर अपराधियों तक पहुंचाते थे। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और इसके वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर रही है।
पुलिस आयुक्त रघुवीर लाल ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट सहित विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। साथ ही बरामद इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और सिम कार्डों की फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है, ताकि साइबर ठगी के अन्य मामलों से इनके संबंधों का पता लगाया जा सके। पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से साइबर अपराध के एक बड़े नेटवर्क पर प्रभावी शिकंजा कसने में सफलता मिली है।






