लखनऊ, 4 अगस्त। उत्तर प्रदेश की 60 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाओं को जल्द ही राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) की बसों में नि:शुल्क यात्रा की सुविधा मिलेगी। योगी सरकार ने इस व्यवस्था को लागू करने के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 के प्रथम अनुपूरक बजट में 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। यह घोषणा भाजपा के लोक कल्याण संकल्प पत्र में किए गए वादे को पूरा करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक सशक्तीकरण को प्राथमिकता देते हुए सरकार ने महिला कल्याण विभाग के लिए भी 1094.40 करोड़ रुपये की अतिरिक्त धनराशि मंजूर की है। इसमें सबसे बड़ा हिस्सा निराश्रित महिला पेंशन योजना के लिए है, जिसके तहत 930 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इससे पति की मृत्यु के बाद आर्थिक संकट का सामना कर रही पात्र महिलाओं को नियमित वित्तीय सहायता मिलती रहेगी।
वहीं, अनाथ एवं विशेष परिस्थितियों में रह रहे बच्चों के शिक्षा, भरण-पोषण और समग्र विकास के लिए संचालित मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना को 110 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा उत्तर प्रदेश रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष के लिए 54.30 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है, जिससे पीड़ित महिलाओं और बच्चों को समयबद्ध सहायता एवं संरक्षण उपलब्ध कराया जा सकेगा।
सरकार का कहना है कि रोडवेज बसों में वरिष्ठ नागरिक महिलाओं को मुफ्त यात्रा सुविधा मिलने से उन्हें धार्मिक, सामाजिक, पारिवारिक और स्वास्थ्य संबंधी यात्राओं में आर्थिक राहत मिलेगी। इससे उनके सम्मान, सुविधा और आत्मनिर्भरता को भी बढ़ावा मिलेगा। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री शक्ति समृद्धि योजना के लिए भी अनुपूरक बजट में 10 लाख रुपये का प्रावधान किया गया है।
योगी सरकार ने इन प्रावधानों के माध्यम से स्पष्ट किया है कि महिला सुरक्षा, सम्मान, सामाजिक संरक्षण और आर्थिक स्वावलंबन उसकी प्राथमिकताओं में शामिल हैं तथा लोक कल्याण संकल्प पत्र में किए गए वादों को चरणबद्ध तरीके से धरातल पर उतारा जा रहा है।






