देशभर में आज ईद-उल-फितर का त्योहार पूरे उत्साह, अकीदत और भाईचारे के साथ मनाया गया। सुबह से ही मस्जिदों और ईदगाहों में नमाज के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ी, जहां लोगों ने देश की तरक्की, अमन और भाईचारे की दुआ मांगी। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और मिठाइयां बांटकर खुशियां साझा कीं। इस मौके पर देश के बड़े नेताओं ने भी जनता को शुभकामनाएं देते हुए एकता और सौहार्द का संदेश दिया।
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राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ईद के अवसर पर देशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि यह त्योहार आत्मसंयम, सेवा और परोपकार की भावना को मजबूत करता है। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि ईद हमें जरूरतमंदों की मदद करने और समाज को मजबूत बनाने की प्रेरणा देती है। उन्होंने सभी से इस मौके पर राष्ट्र की एकता और सद्भाव को मजबूत करने का संकल्प लेने की अपील की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी देशवासियों को ईद की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व समाज में भाईचारा और दयालुता को और मजबूत करे। उन्होंने अपने संदेश में सभी के सुख, शांति और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करते हुए कहा कि ईद का यह पावन अवसर सभी के जीवन में खुशियां लेकर आए। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी एक वीडियो संदेश के जरिए देशवासियों को ईद की मुबारकबाद दी। उन्होंने कहा कि यह त्योहार प्रेम, करुणा और एकजुटता का प्रतीक है और इस अवसर पर सभी के जीवन में खुशी, समृद्धि और स्वास्थ्य की कामना की। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी ईद के मौके पर मुस्लिम समाज के लोगों के साथ अपनी तस्वीरें साझा करते हुए बधाई दी। उन्होंने अपने संदेश में लिखा कि ईद का त्योहार खुशहाली और अमन का पैगाम देता है और समाज में आपसी भाईचारा बढ़ाने का काम करता है। बसपा सुप्रीमो मायावती ने भी ईद के अवसर पर देश और दुनिया के मुसलमानों को मुबारकबाद दी। उन्होंने कहा कि रमजान के पवित्र महीने की इबादत के बाद आने वाला यह त्योहार आपसी भाईचारे, संयम और सहनशीलता का संदेश देता है। उन्होंने संविधान के मूल्यों का जिक्र करते हुए सभी से सामाजिक समरसता और समान विकास के लिए मिलकर काम करने की अपील की।

ईद के अवसर पर देश के कई अन्य नेताओं ने भी शुभकामनाएं दीं और इस त्योहार को भारत की गंगा-जमुनी तहजीब की पहचान बताया। वहीं प्रशासन ने भी शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़े सुरक्षा इंतजाम किए थे, जिससे त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। ईद का यह पर्व एक बार फिर यह संदेश देता है कि भारत की ताकत उसकी विविधता में एकता है और यही भावना देश को आगे बढ़ाने का आधार भी है।






