तेज रफ्तार बाइक साइन बोर्ड से टकराई, तीनों 10 फीट दूर उछलकर गिरे
लखनऊ। उन्नाव जिले में दर्दनाक सड़क हादसे ने तीन परिवारों की खुशियां छीन लीं। तेज रफ्तार बाइक बेकाबू होकर सड़क किनारे लगे लोहे के साइन बोर्ड से टकरा गई। इस हादसे में दो भाइयों समेत तीन युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। तीनों एक ही बाइक पर सवार होकर लखनऊ के मोहनलालगंज में मौसी के घर आयोजित भंडारे में शामिल होने जा रहे थे।
अंधे मोड़ पर हुआ हादसा, हेलमेट नहीं पहने थे युवक
हादसा अचलगंज–पुरवा रोड पर गदोरवा गांव के पास लोन नदी के पुल और अंधे मोड़ के नजदीक हुआ। बताया जा रहा है कि बाइक तेज रफ्तार में थी और तीनों युवकों ने हेलमेट नहीं पहना था। अचानक बाइक अनियंत्रित हो गई और सीधे साइन बोर्ड से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि तीनों युवक उछलकर करीब 10 फीट दूर जा गिरे।
आधे घंटे तक तड़पते रहे, दो की मौके पर मौत
हादसे के बाद तीनों युवक करीब आधे घंटे तक सड़क पर तड़पते रहे। कुछ देर बाद वहां से गुजर रहे लोगों की नजर पड़ी, तब पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस के अनुसार दो युवकों की घटनास्थल पर ही मौत हो चुकी थी, जबकि तीसरे को गंभीर हालत में अस्पताल भेजा गया।

इलाज के दौरान तीसरे युवक ने भी तोड़ा दम
घायल सौरभ गौतम को एम्बुलेंस से सीएचसी पुरवा ले जाया गया, जहां ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर तपन गुप्ता ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद पुलिस ने मोबाइल के जरिए मृतकों के परिजनों को सूचना दी।
मृतकों की पहचान: एक बना था पिता, दूसरे की होनी थी शादी
हादसे में जान गंवाने वाले युवकों की पहचान—
अनुराग (31) पुत्र रमेश कुमार, निवासी अढ़ोली गांव, थाना बीघापुर
राहुल पाल (26) निवासी बेसनखेड़ा
सौरभ गौतम (25) निवासी तौरा गांव
तीनों एक ही बाइक से यात्रा कर रहे थे।

नवजात बेटी की छठी से पहले बुझ गया घर का चिराग
अनुराग पेशे से ट्रक चालक था और परिवार का भरण-पोषण करता था। उसकी शादी तीन साल पहले रोशनी देवी से हुई थी। तीन दिन पहले ही वह बेटी का पिता बना था। रविवार को उसकी नवजात बेटी की छठी थी, लेकिन उससे पहले ही उसकी मौत हो गई। अनुराग तीन भाइयों में मंझला था।
अप्रैल में होनी थी राहुल की शादी
राहुल पाल की 25 अप्रैल को शादी तय थी। उसके पिता का 16 साल पहले निधन हो चुका था। वह दूध का व्यवसाय कर अपने परिवार की जिम्मेदारी संभाल रहा था। उसकी मौत से मां रेनू, भाई और बहन पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
पुणे में करता था नौकरी, परिवार में मचा कोहराम
सौरभ गौतम पुणे में नौकरी करता था और सिकंदरपुर में अपने मामा के यहां रहकर जेसीबी चलाने का काम भी करता था। उसके परिवार में छोटा भाई शिवा है। हादसे की सूचना मिलते ही उसके घर में भी मातम छा गया।
गांव और परिवारों में पसरा मातम
हादसे की खबर मिलते ही तीनों युवकों के परिजन अस्पताल पहुंचे, जहां चीख-पुकार मच गई। गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू कर दी है।





