आम आदमी पार्टी उत्तर प्रदेश के मुख्य प्रदेश प्रवक्ता वंशराज दुबे ने लखनऊ में आयोजित एक प्रेस वार्ता में देश और प्रदेश में पैदा हुए गैस संकट, बढ़ती महंगाई और भाजपा सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि आज पूरा देश गैस की किल्लत से जूझ रहा है और भाजपा की केंद्र तथा उत्तर प्रदेश की सरकारें जमीनी सच्चाई से पूरी तरह वाकिफ होने के बावजूद जनता को गुमराह करने का काम कर रही हैं। दुबे ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने कुकर्मों को छिपाने के लिए देश की साख को अमेरिका के सामने गिरवी रख दिया है, जिसके कारण देश को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नुकसान उठाना पड़ रहा है और उसका सीधा असर आज भारत की अर्थव्यवस्था और आम लोगों की रसोई पर पड़ रहा है।
वंशराज दुबे ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इजरायल दौरे के ठीक दो दिन बाद इजरायल और अमेरिका ने मिलकर ईरान पर हमला कर दिया। आज देश के कई मंत्री और भाजपा के नेता यह कह रहे हैं कि देश और उत्तर प्रदेश में गैस तथा तेल का संकट पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और इजरायल-ईरान के युद्ध की वजह से आया है, लेकिन सच्चाई यह है कि यह संकट मोदी सरकार की गलत विदेश नीति और उसके फैसलों का नतीजा है। उन्होंने कहा कि भारत में इस्तेमाल होने वाले लगभग 60 प्रतिशत कच्चे तेल और करीब 50 प्रतिशत गैस की आपूर्ति हार्मुज जलडमरूमध्य के समुद्री मार्ग से होती है, जो ईरान के प्रभाव वाले क्षेत्र में आता है। इसके बावजूद प्रधानमंत्री मोदी ने अपने पारंपरिक मित्र देश ईरान के खिलाफ जाकर अमेरिका और इजरायल का साथ दिया और पूरे देश को एक बड़े संकट में डाल दिया।
वंशराज दुबे ने कहा कि वर्ष 2019 तक जब भारत ने अमेरिका के दबाव में आकर ईरान से तेल खरीदना बंद नहीं किया था, तब तक भारत को ईरान से मिलने वाले तेल की ट्रांसपोर्टेशन लागत लगभग शून्य थी। इसके अलावा ईरान भारत से रुपये में व्यापार करता था और अंतरराष्ट्रीय बाजार की तुलना में भारत को करीब 12 प्रतिशत तक की छूट भी मिलती थी। उस समय ईरान का लगभग 50 से 60 हजार करोड़ रुपये भारतीय बैंकों में जमा था। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने ईरान से संबंध खराब कर लिए और अब हालात यह हैं कि भारत के कई बड़े फैसले वॉशिंगटन डीसी से तय होते दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी लगातार बयान दे रहे हैं कि देश में तेल और गैस की कोई कमी नहीं है, वहीं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कह रहे हैं कि प्रदेश में डीजल-पेट्रोल पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है और जनता अफवाहों से बचे, जबकि जमीन पर स्थिति इसके बिल्कुल विपरीत है।
वंशराज दुबे ने कहा कि उत्तर प्रदेश में लोगों को गैस सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं, लेकिन सरकारी कागजों में डिलीवरी सामान्य दिखाई जा रही है। प्रदेश के कई शहरों और कस्बों में लोग रात से ही गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारों में खड़े हो रहे हैं, फिर भी अगले दिन तक उन्हें सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने कहा कि यह हालात केवल रसोई तक सीमित नहीं हैं, बल्कि मजदूरों की रोजी-रोटी पर भी इसका गंभीर असर पड़ रहा है। गैस की कमी के कारण फैक्ट्रियां बंद हो रही हैं, छोटे उद्योग ठप पड़ रहे हैं और रेस्टोरेंट तथा ढाबे तक बंद होने की कगार पर पहुंच गए हैं। दुबे ने कहा कि स्थिति इतनी भयावह है कि गैस की लाइन में लगे एक बुजुर्ग की मौत तक हो गई और नोएडा में एक मां रोते हुए यह सवाल कर रही है कि वह अपने बच्चों को खाना कैसे खिलाए।
उन्होंने कहा कि गांवों में गैस सिलेंडर को लेकर त्राहि-त्राहि मची हुई है और शहरों में किराए के छोटे-छोटे कमरों में रहने वाले मजदूरों की स्थिति और भी दयनीय हो गई है। गैस की कालाबाजारी अपने चरम पर है। जो सिलेंडर 900 से 1000 रुपये में मिलता था, वही सिलेंडर आज 7 से 10 हजार रुपये तक में बेचा जा रहा है। पूरे देश में लूट मची हुई है और भाजपा की सरकारें दिल्ली से लेकर लखनऊ तक जनता को गुमराह करने में लगी हुई हैं। उन्होंने कहा कि जब गैस, पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ते हैं तो उससे जुड़ी तमाम जरूरी चीजों के दाम भी बढ़ जाते हैं, लेकिन सरकार इस पर पूरी तरह चुप्पी साधे हुए है।
दुबे ने कहा कि हालात यह हैं कि कोयला लगभग 70 प्रतिशत तक महंगा हो गया है और लकड़ी की कीमतें चार गुना तक बढ़ गई हैं। यानी गरीब मजदूर के लिए अब गैस पर खाना बनाना तो दूर, कोयले या लकड़ी से एक समय का भोजन बनाना भी बेहद मुश्किल हो गया है। अनाजों के दाम तेजी से बढ़ रहे हैं और सरसों के तेल तथा रिफाइंड की कीमतों में भी लगभग 10 रुपये प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। इसके बावजूद सरकार इस पूरे संकट पर कोई ठोस कदम उठाने के बजाय केवल बयानबाजी कर रही है।
वंशराज दुबे ने कहा कि दुर्भाग्य की बात यह है कि जब आम आदमी पार्टी या विपक्ष का कोई भी दल इस मुद्दे पर सरकार से सवाल पूछता है और जनता की आवाज उठाता है तो सरकार दमन का रास्ता अपनाती है। उन्होंने बताया कि उन्नाव में गैस की किल्लत के खिलाफ जनता की आवाज उठाने पर आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष कुलदीप यादव, प्रभारी तुषार श्रीवास्तव समेत छह लोगों के नाम और 35 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी गई है। मेरठ में पार्टी के जिला अध्यक्ष को हाउस अरेस्ट कर लिया गया और लखनऊ में भी आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष को हाउस अरेस्ट किया गया।
वंशराज दुबे ने चेतावनी देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को मुकदमा-मुकदमा खेलने की राजनीति बंद करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी भले ही उत्तर प्रदेश विधानसभा के भीतर मौजूद न हो, लेकिन एक राष्ट्रीय पार्टी और मजबूत विपक्ष के रूप में जनता के हक की लड़ाई सड़क से लेकर संसद तक लड़ती रहेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की धमकियों से आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता डरने वाले नहीं हैं और जिन साथियों पर मुकदमे दर्ज किए गए हैं उनके हौसले को पूरी पार्टी सलाम करती है। दुबे ने कहा कि आम आदमी पार्टी आने वाले समय में भी जनता के हक और उनके अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखेगी और सरकार को जवाबदेह बनाने का काम करती रहेगी।






