भारत-चीन सीमा से सटे हर्षिल पोलिंग बूथ का करेंगे स्थलीय निरीक्षण
मुख्य निर्वाचन आयुक्त, भारत निर्वाचन आयोग श्री ज्ञानेश कुमार सीमांत जनपद उत्तरकाशी के दौरे पर पहुंचे, यह दौरा विशेष रूप से भारत-चीन सीमा से सटे दुर्गम और संवेदनशील क्षेत्रों में स्थापित पोलिंग बूथों की तैयारियों तथा विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) कार्यों की समीक्षा के लिए किया जा रहा है, मुख्य निर्वाचन आयुक्त के आगमन को लेकर जिला प्रशासन और निर्वाचन विभाग के अधिकारियों में विशेष उत्साह देखने को मिला।
झाला हेलीपैड पर हुआ पारंपरिक स्वागत
मुख्य निर्वाचन आयुक्त के सीमांत हेलीपैड झाला पहुंचने पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तराखंड डॉ. बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम तथा अपर जिलाधिकारी मुक्ता मिश्रा ने उनका पारंपरिक रूप से स्वागत किया, इस दौरान निर्वाचन विभाग और जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।
हर्षिल पोलिंग बूथ का होगा स्थलीय निरीक्षण
दौरे के दौरान मुख्य निर्वाचन आयुक्त सीमांत गांव हर्षिल में स्थित पोलिंग बूथ का स्थलीय निरीक्षण करेंगे। इस दौरान वे निम्न बिंदुओं की समीक्षा करेंगे:
- मतदान केंद्रों पर उपलब्ध सुविधाएं
- मतदाताओं के लिए व्यवस्थाएं
- सुरक्षा एवं लॉजिस्टिक तैयारियां
- विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के अंतर्गत चल रहे कार्य
सीमांत क्षेत्रों पर विशेष फोकस
भारत निर्वाचन आयोग का यह दौरा विशेष रूप से उन क्षेत्रों पर केंद्रित है जो भौगोलिक रूप से दुर्गम और सीमा के निकट स्थित हैं, आयोग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि इन क्षेत्रों में भी मतदान प्रक्रिया सुचारू, सुरक्षित और पारदर्शी तरीके से संपन्न हो।
प्रशासन ने की व्यापक तैयारियां
दौरे को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा सुरक्षा, यातायात और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर व्यापक इंतजाम किए गए हैं, अधिकारियों के अनुसार, यह निरीक्षण सीमांत क्षेत्रों में चुनावी ढांचे को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है, मुख्य निर्वाचन आयुक्त का यह दौरा उत्तरकाशी सहित सीमांत क्षेत्रों में चुनावी तैयारियों की जमीनी हकीकत को समझने और भविष्य की रणनीति तय करने के लिए अहम माना जा रहा है। आयोग की ओर से मिलने वाले सुझावों से आने वाले समय में मतदान व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किए जाने की उम्मीद है।






