एंकर- खबर उत्तर प्रदेश के गोण्डा से है,जहाँ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनपद दौरे के दौरान समाजवादी पार्टी के नेताओं को हाउस अरेस्ट किए जाने का मामला चर्चा का विषय बन गया है। सपा नेताओं का आरोप है कि उन्हें मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपने से रोकने के लिए प्रशासन ने उनके घरों पर पुलिस तैनात कर दी और बाहर निकलने की अनुमति नहीं दी।
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जानकारी के अनुसार, सपा जिलाध्यक्ष अरशद हुसैन के नेतृत्व में पार्टी पदाधिकारी क्षेत्रीय समस्याओं और जनहित के मुद्दों को लेकर मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपने की तैयारी कर रहे थे। इसी क्रम में हाजी मोहम्मद जकी, शाहान अख्तर, रैनी समेत कई पदाधिकारियों के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने की योजना थी।सपा नेताओं का कहना है कि उन्हें रात से ही घरों में नजरबंद रखा गया, जिससे वे मुख्यमंत्री तक अपनी बात नहीं पहुंचा सके। वहीं प्रशासन का कहना है कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता थी, इसलिए एहतियातन यह कदम उठाया गया।

घटना के बाद सपा कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखी जा रही है। विपक्ष इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बता रहा है, जबकि प्रशासन इसे सुरक्षा व्यवस्था से जुड़ा नियमित कदम बता रहा है। मामले को लेकर जिले की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और विभिन्न राजनीतिक दल अपनी-अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं।”गोंडा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम के दौरान सपा नेताओं को हाउस अरेस्ट किए जाने का मामला राजनीतिक बहस का विषय बन गया है। विपक्ष प्रशासन पर लोकतांत्रिक अधिकारों के दमन का आरोप लगा रहा है, जबकि प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अपनी कार्रवाई को उचित ठहरा रहा है।”






