मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में तीन दिवसीय उत्तर प्रदेश आम महोत्सव-2026 का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन कर 800 से अधिक आम की प्रजातियों की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के आम को गुणवत्ता, विश्वास और वैश्विक मानकों के अनुरूप तैयार कर दुनिया के बाजारों में नई पहचान दिलाई जाएगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश के कुल आम उत्पादन का लगभग 26 प्रतिशत हिस्सा देता है। अब लक्ष्य केवल उत्पादन बढ़ाना नहीं, बल्कि ब्रांडिंग, प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, ट्रेसेबिलिटी और ऑर्गेनिक सर्टिफिकेशन के जरिए वैश्विक बाजार में मजबूत पहचान बनाना है। उन्होंने कहा कि एक बाग फल उत्पादन के साथ-साथ प्रोसेसिंग, पर्यटन, मधुमक्खी पालन, खाद्य उद्योग और निर्यात के जरिए किसानों की आय बढ़ाने का बड़ा माध्यम बन सकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष आम महोत्सव में 7 श्रेणियों के 56 वर्गों में 800 से अधिक आम की किस्में प्रदर्शित की गई हैं। उन्होंने मलिहाबाद के दशहरी, वाराणसी और गोरखपुर के लंगड़ा, बस्ती के आम्रपाली तथा रटौल समेत प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के आमों की सराहना की। साथ ही किसानों के अनुभव साझा करने के लिए अधिक से अधिक मंच उपलब्ध कराने की बात कही। सीएम योगी ने बताया कि उत्तर प्रदेश का आम यूके, यूएई, कुवैत, मलेशिया, सिंगापुर, न्यूजीलैंड, बेल्जियम, जापान, इटली, रूस और कतर सहित कई देशों में निर्यात किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास इंटीग्रेटेड टेस्टिंग एंड ट्रीटमेंट पार्क बनाया जाएगा, जिससे कृषि उत्पादों के निर्यात को और गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने मलिहाबाद के आम को दिए गए “काकोरी ब्रांड” का उल्लेख करते हुए कहा कि यह नाम देश के अमर शहीदों के सम्मान और किसानों की मेहनत की मिठास का प्रतीक है। उन्होंने उद्यान विभाग को अधिक से अधिक आम की किस्मों के लिए जीआई टैग का आवेदन करने के निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री ने मैंगो टूरिज्म, एआई आधारित खेती, ड्रोन तकनीक, कोल्ड चेन, फूड प्रोसेसिंग, ई-कॉमर्स और डिजिटल मंडियों को बढ़ावा देने पर जोर देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश को दुनिया की सर्वश्रेष्ठ मैंगो वैल्यू चेन का केंद्र बनाने के लिए सरकार लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि किसानों को उचित मूल्य मिलेगा तो युवा भी कृषि और कृषि आधारित उद्यमिता की ओर आकर्षित होंगे।






