फतेहपुर। उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के हसवा क्षेत्र के रहने वाले 26 वर्षीय पर्वतारोही अस्तित्व साहू ने यूरोप की सबसे ऊंची पर्वत चोटी माउंट एल्ब्रुस अभियान के दौरान 4,600 मीटर की ऊंचाई तक बिना ऑक्सीजन, बिना गाइड और बिना किसी बाहरी सहायता के पहुंचकर जिले का नाम रोशन किया है। उनकी इस उपलब्धि की क्षेत्रभर में सराहना हो रही है।
वर्तमान में सिलिगुड़ी में कार्यरत अस्तित्व साहू ने बताया कि उन्होंने 13 जुलाई को अभियान शुरू किया था। हालांकि खराब मौसम के कारण उन्हें दो दिनों तक इंतजार करना पड़ा। मौसम साफ होने के बाद उन्होंने बेहद कठिन परिस्थितियों का सामना करते हुए अकेले ही 4,600 मीटर की ऊंचाई तक सफलतापूर्वक चढ़ाई पूरी की। इस दौरान उन्होंने न तो अतिरिक्त ऑक्सीजन का सहारा लिया और न ही किसी गाइड या तकनीकी सहायता का उपयोग किया।
अस्तित्व साहू ने बताया कि यह अभियान केवल ऊंचाई तक पहुंचने का लक्ष्य नहीं था, बल्कि आत्मविश्वास, धैर्य और मानसिक दृढ़ता की भी कठिन परीक्षा थी। उन्होंने कहा कि भविष्य में बेहतर प्रशिक्षण के साथ दुनिया की और भी ऊंची एवं चुनौतीपूर्ण चोटियों पर तिरंगा फहराना उनका सपना है।
पिछले डेढ़ वर्ष से सिलिगुड़ी में रह रहे अस्तित्व पर्वतारोहण को अपना जुनून मानते हैं। इससे पहले भी वे हिमाचल प्रदेश की कई दुर्गम चोटियों पर सफलतापूर्वक चढ़ाई कर चुके हैं। उनकी इस उपलब्धि से परिवार, मित्रों और क्षेत्रवासियों में खुशी का माहौल है। सभी ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए इसे फतेहपुर के लिए गर्व का क्षण बताया।






