अयोध्या। उत्तर प्रदेश के अयोध्या स्थित श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में तीन कर्मचारियों को उनके मौजूदा दायित्वों से हटाए जाने की खबर सामने आई है। जानकारी के मुताबिक, शिकायत के बाद केडी तिवारी, बजरंग पाठक और सोमेश को ट्रस्ट में उनके वर्तमान कार्यों से हटाकर तीर्थ क्षेत्र पुरम में जिम्मेदारी दी गई है।इन तीनों कर्मचारियों की जिम्मेदारियां अलग-अलग थीं। इनमें से केडी तिवारी रामलला के आभूषणों के हिसाब-किताब से जुड़े काम को देखते थे। वहीं बजरंग पाठक वीआईपी प्रसाद से संबंधित व्यवस्था संभालते थे, जबकि सोमेश यात्री सुविधा केंद्र के प्रभारी बताए जा रहे हैं।
शिकायत के बाद तीन कर्मचारियों पर कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, शिकायत सामने आने के बाद ट्रस्ट स्तर पर यह कार्रवाई की गई। तीनों कर्मचारियों को उनके मौजूदा दायित्वों से हटाकर तीर्थ क्षेत्र पुरम में कार्यभार सौंपा गया है।तीर्थ क्षेत्र पुरम का संचालन भी श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से किया जाता है। ऐसे में कर्मचारियों को पूरी तरह हटाने के बजाय उनके कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया है।
केडी तिवारी देखते थे रामलला के आभूषणों का हिसाब
इस कार्रवाई में सबसे ज्यादा चर्चा केडी तिवारी को लेकर है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, वह रामलला के आभूषणों के हिसाब-किताब से जुड़े कार्य की जिम्मेदारी संभालते थे।शिकायत के बाद उन्हें इस जिम्मेदारी से हटाकर तीर्थ क्षेत्र पुरम में कार्यभार दिए जाने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, शिकायत में लगाए गए आरोपों की प्रकृति और जांच के निष्कर्ष को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
बजरंग पाठक और सोमेश की भी बदली जिम्मेदारी
बजरंग पाठक ट्रस्ट में वीआईपी प्रसाद से संबंधित काम देखते थे। उन्हें भी मौजूदा जिम्मेदारी से हटाकर तीर्थ क्षेत्र पुरम में कार्य सौंपा गया है।
वहीं सोमेश यात्री सुविधा केंद्र के प्रभारी बताए जा रहे हैं। जानकारी के अनुसार, उन्हें भी यात्री सुविधा केंद्र की जिम्मेदारी से हटाकर तीर्थ क्षेत्र पुरम में काम दिया गया है।सोमेश को ट्रस्ट से जुड़े गोपाल राव के करीबी के तौर पर भी बताया जा रहा है।
तीर्थ क्षेत्र पुरम में दी गई नई जिम्मेदारी
तीनों कर्मचारियों को ट्रस्ट से पूरी तरह बाहर नहीं किया गया है। उन्हें तीर्थ क्षेत्र पुरम में कार्यभार दिया गया है। तीर्थ क्षेत्र पुरम का संचालन श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा किया जाता है।इसलिए इसे कर्मचारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, कार्रवाई के पीछे की पूरी वजह और शिकायत से जुड़े तथ्यों को लेकर ट्रस्ट की ओर से विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
राम मंदिर ट्रस्ट में कार्रवाई से बढ़ी चर्चा
राम मंदिर निर्माण और मंदिर की व्यवस्थाओं से जुड़े मामलों को लेकर अयोध्या लगातार सुर्खियों में रहता है। ऐसे में ट्रस्ट के तीन कर्मचारियों की जिम्मेदारियां बदले जाने की खबर ने भी चर्चा बढ़ा दी है।खास तौर पर आभूषणों के हिसाब-किताब से जुड़े कर्मचारी को मौजूदा जिम्मेदारी से हटाए जाने को लेकर लोगों की नजर इस कार्रवाई पर है। हालांकि, किसी भी आरोप या शिकायत को अंतिम निष्कर्ष मानने से पहले संबंधित जांच और ट्रस्ट की आधिकारिक जानकारी का इंतजार जरूरी है।