विधानसभा चुनाव से पहले सीतापुर में कांग्रेस कार्यालय सील, प्रशासन ने लिया कब्जा
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले सीतापुर में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शहर कांग्रेस कमेटी के कार्यालय को सील कर दिया, शनिवार, 22 अगस्त 2026 की सुबह एसडीएम, नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी, तहसीलदार, कोतवाल और पुलिस टीम मौके पर पहुंची और कार्यालय को खाली कराकर उस पर ताला लगा दिया, यह कार्यालय शहर के घंटाघर की इमारत में संचालित हो रहा था, जो नजूल भूमि पर स्थित बताई जा रही है। प्रशासन ने कार्रवाई के बाद परिसर का कब्जा अपने नियंत्रण में ले लिया।
पांच चौकियों की पुलिस रही मौजूद
कार्रवाई के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए पांच पुलिस चौकियों की टीम को मौके पर तैनात किया गया था, प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में कांग्रेस कार्यालय को सील किया गया, मौके पर एसडीएम सदर डॉ. जनार्दन, अधिशासी अधिकारी विकास कुमार, तहसीलदार अजीत जायसवाल और शहर कोतवाल दिनेश प्रकाश पाण्डेय समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
नोटिस के बाद हुई कार्रवाई
जानकारी के मुताबिक, नगर पालिका प्रशासन ने 4 जुलाई 2026 को शहर कांग्रेस कमेटी को नोटिस जारी किया था, नोटिस में कार्यालय खाली कर परिसर का कब्जा सौंपने के निर्देश दिए गए थे, कांग्रेस कमेटी ने प्रशासन के बेदखली आदेश के खिलाफ इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच का रुख किया था हालांकि, अदालत ने याचिका खारिज कर दी और प्रशासन की कार्रवाई पर रोक लगाने से इनकार कर दिया, इसके बाद नगर पालिका की ओर से कार्यालय खाली करने के लिए 15 दिन का समय दिया गया, निर्धारित अवधि समाप्त होने के बाद प्रशासन ने शनिवार को कार्यालय को सील कर दिया।
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55 साल से किराया नहीं देने का आरोप
प्रशासन की कार्रवाई के पीछे नजूल भूमि पर कथित अवैध कब्जे और लंबे समय से किराया जमा नहीं किए जाने का मामला बताया जा रहा है, प्रशासन के अनुसार, वर्ष 1971 के बाद से करीब 55 वर्षों तक किराया जमा नहीं किया गया, इसी आधार पर नगर पालिका ने कार्यालय खाली कर जमीन का कब्जा सौंपने का निर्देश दिया था, कार्यालय सील किए जाने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखने को मिली, पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण समय पर की गई कार्रवाई बताया है वहीं, प्रशासन की ओर से इसे न्यायिक प्रक्रिया और पूर्व में जारी नोटिस के आधार पर की गई कार्रवाई बताया जा रहा है।
चुनाव से पहले बढ़ी सियासी हलचल
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले सीतापुर में कांग्रेस कार्यालय पर हुई यह कार्रवाई राजनीतिक रूप से भी चर्चा का विषय बन गई है, एक ओर प्रशासन न्यायिक आदेश और नजूल भूमि से जुड़े मामले का हवाला दे रहा है, वहीं कांग्रेस कार्यकर्ता कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं, आने वाले दिनों में यह मामला प्रदेश की सियासत में और तूल पकड़ सकता है।