लखनऊ। प्रदेश की ग्राम पंचायतों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। अब आधार से जुड़ी सेवाओं के लिए ग्रामीणों को तहसील और शहरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। लखनऊ की दो ग्राम पंचायतों से शुरू हुई इस पहल को आने वाले समय में पूरे प्रदेश में लागू करने की तैयारी है। यह योजना ग्रामीण व्यवस्था को तकनीक से जोड़ते हुए पंचायतों को सेवा केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में अहम मानी जा रही है।
लखनऊ की दो पंचायतों से डिजिटल पहल की शुरुआत
लखनऊ के सरोजनीनगर ब्लॉक की भटगनवां पांडेय ग्राम पंचायत और चिनहट ब्लॉक की सैरपुर ग्राम पंचायत में आधार सेवाओं की औपचारिक शुरुआत कर दी गई है। इन पंचायतों में ग्रामीणों को नाम संशोधन, मोबाइल नंबर अपडेट सहित आधार से जुड़ी विभिन्न सेवाएं पंचायत स्तर पर ही मिलनी शुरू हो गई हैं।
ग्रामीणों को मिली राहत, शहरों के चक्कर खत्म
आधार सेवाएं शुरू होने के बाद अब तक दर्जनों ग्रामीणों ने पंचायत स्तर पर ही सुविधा का लाभ लिया है। इस पहल से न केवल समय की बचत हो रही है, बल्कि खर्च और असुविधा से भी ग्रामीणों को राहत मिली है।

पहले चरण में 1000 पंचायतों तक सेवा विस्तार
पंचायती राज विभाग की योजना के तहत पहले चरण में प्रदेश की 1000 ग्राम पंचायतों में आधार सेवाएं शुरू की जाएंगी। इसके बाद इस सुविधा को चरणबद्ध तरीके से प्रदेश की सभी ग्राम पंचायतों तक पहुंचाया जाएगा, जिससे हर गांव डिजिटल नेटवर्क से जुड़ सके।
पंचायत सहायकों को बनाया जा रहा तकनीकी रूप से सक्षम
योजना के सफल संचालन के लिए पंचायत सहायकों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अब तक सैकड़ों पंचायत सहायकों को डिजिटल और आधार सेवाओं से संबंधित प्रशिक्षण दिया जा चुका है, जबकि शेष का प्रशिक्षण प्रक्रिया में है।
डिजिटल पंचायत की दिशा में मजबूत कदम
पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि ग्राम स्तर पर आधार सेवाओं की शुरुआत ग्रामीणों के लिए बड़ी सुविधा है। इससे पंचायतें आत्मनिर्भर बनेंगी और सरकारी सेवाएं लोगों के और करीब पहुंचेंगी।विभागीय अधिकारियों के अनुसार यह पहल पंचायतों को भविष्य में बहुउद्देशीय डिजिटल सेवा केंद्र के रूप में विकसित करने की नींव रखेगी।
डिजिटल इंडिया के लक्ष्य को मिलेगी मजबूती
ग्राम पंचायतों में आधार सेवाओं की यह शुरुआत डिजिटल इंडिया और सशक्त पंचायतों के संकल्प को जमीन पर उतारने की दिशा में अहम मानी जा रही है। आने वाले समय में इसका लाभ प्रदेश के हर गांव तक पहुंचाने की तैयारी है।





