बलिया में बसपा के इकलौते विधायक उमाशंकर सिंह और उत्तर प्रदेश सरकार के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह के बीच जुबानी हमला तेज हो गया है। मामला रसड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के उच्च तकनीकी (हाईटेक) अपग्रेडेशन से जुड़ा है।
बसपा विधायक उमाशंकर सिंह ने स्वास्थ्य केंद्र को अपने निजी खर्च से हाईटेक बनाने के लिए जिला प्रशासन से NOC (No Objection Certificate) मांगा था, प्रारंभ में जिला प्रशासन के CMO ने NOC जारी किया, लेकिन बाद में कुछ दबाव के कारण इसे रद्द कर दिया गया।
विधायक का आरोप:
बसपा विधायक उमाशंकर सिंह ने आरोप लगाया कि परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने जिला प्रशासन पर दबाव बनाकर NOC रद्द करवाया उन्होंने कहा कि “आमजनता के लिए हो रहे विकास व स्वास्थ्य सुविधा में कुछ लोग रोडा बनकर पैर खींचने का काम कर रहे हैं,” विधायक ने इशारों-इशारों में कहा कि उनकी कोशिश सिर्फ स्वास्थ्य केंद्र और आम जनता के विकास के लिए है।
मंत्री का जवाब:
वहीं परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने एक कार्यक्रम के दौरान मंच से विधायक पर गंभीर आरोप लगाए, उन्होंने कहा कि कुछ लोग विकास कार्यों में रोड़ा डाल रहे हैं और पहले यह कोशिश करते थे कि बलिया विधानसभा में विकास ना हो।
मंत्री ने कहा कि मीडिया में दिखाया गया कि विधायक ने निजी खर्च से सड़क बना दी, जबकि उस सड़क के लिए बलिया जिलाधिकारी के पास 48 लाख रुपये आए थे, उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा: “थोड़ा सा सड़क बनाकर पूरा पैसा उठा लेते हैं।”
विवाद के असर:
इस जुबानी हमले से बलिया विधानसभा में राजनीतिक तापमान बढ़ गया है। दोनों नेताओं के आरोप-प्रत्यारोप से जनता और मीडिया की निगाहें स्वास्थ्य व विकास कार्यों पर टिक गई हैं।





