चकबंदी विभाग का पेशकार ₹5 हजार लेते रंगेहाथ गिरफ्तार
लखनऊ में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एंटी करप्शन टीम ने बड़ी सफलता हासिल की है। बख्शी का तालाब तहसील स्थित चकबंदी विभाग में तैनात पेशकार राजीव प्रभाकर को रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया गया है।
गाटा नंबर सुधार के नाम पर मांगी थी रिश्वत
जानकारी के अनुसार आरोपी पेशकार राजीव प्रभाकर ने जमखनवा निवासी योगेश मिश्रा से खेत के गाटा संख्या 436 में सुधार कराने के नाम पर ₹5,000 की रिश्वत की मांग की थी। पीड़ित ने रिश्वत देने से इनकार करते हुए पूरे मामले की शिकायत एंटी करप्शन विभाग से की।

शिकायत के बाद एंटी करप्शन टीम ने रचा जाल
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एंटी करप्शन विभाग ने पूरी योजना के तहत जाल बिछाया। तय योजना के अनुसार जैसे ही पेशकार ने चकबंदी न्यायालय परिसर में रिश्वत की रकम ली, टीम ने तत्काल उसे रंगेहाथ पकड़ लिया।
चकबंदी कोर्ट से हुई गिरफ्तारी, थाने ले जाया गया आरोपी
रिश्वत लेते पकड़े जाने के बाद एंटी करप्शन टीम आरोपी को बीकेटी थाना लेकर पहुंची। यहां उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।

सरकारी दफ्तरों में रिश्वतखोरी पर बड़ा संदेश
इस कार्रवाई को प्रशासन की ओर से सरकारी कार्यालयों में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त संदेश के तौर पर देखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि रिश्वत मांगने या लेने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह कठोर कदम उठाए जाएंगे।




