उत्तर प्रदेश विधानसभा ने समाजवादी पार्टी के विधायक सचिन यादव के निलंबन को समाप्त कर दिया है। विधानसभा के मॉनसून सत्र के दौरान सदन की कार्यवाही से निलंबित किए गए सचिन यादव को लेकर अब विधानसभा सचिवालय की ओर से आदेश जारी किया गया है। विधानसभा की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि वर्ष 2026 के तृतीय सत्र का सत्रावसान हो जाने के बाद उक्त सत्र के लिए सचिन यादव का निलंबन समाप्त हो गया है।
मुख्यमंत्री की तस्वीर लेकर सदन में पहुंचे थे विधायक
दरअसल, राम मंदिर चढ़ावा चोरी के मामले में उचित कार्रवाई और जांच की मांग को लेकर सपा विधायक विधानसभा में प्रदर्शन कर रहे थे। इसी दौरान सचिन यादव मुख्यमंत्री की तस्वीर लेकर सदन में पहुंच गए थे। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने विधायक से कई बार तस्वीर नहीं दिखाने के लिए कहा, लेकिन सचिन यादव ने उनकी बात नहीं मानी। इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष ने उन्हें मार्शल के जरिए सदन से बाहर करने के साथ ही विधानसभा की कार्यवाही से निलंबित करने का आदेश दिया था।
4 अगस्त को हुआ था निलंबन
सचिन यादव को 4 अगस्त 2026 को विधानसभा की कार्यवाही से निलंबित किया गया था। इसके अगले दिन विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने पूरे घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि वह सचिन यादव को अपना रोल मॉडल मानते थे, लेकिन उनके इस कृत्य से उन्हें काफी दुख हुआ। निलंबन के विरोध में सचिन यादव ने विधानसभा परिसर में धरना भी दिया था। अब विधानसभा के तृतीय सत्र का सत्रावसान होने के साथ ही उनका निलंबन समाप्त हो गया है।
सचिन यादव फिरोजाबाद जिले की जसराना विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के विधायक हैं। वह 2022 के विधानसभा चुनाव में पहली बार विधायक निर्वाचित हुए थे।
