अमेठी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की अंतिम मतदाता सूची में पूर्व केंद्रीय मंत्री और अमेठी की पूर्व सांसद स्मृति ईरानी का नाम शामिल न होने का मामला चर्चा का विषय बन गया है। हालांकि लोकसभा और विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की मतदाता सूची में उनका नाम दर्ज है। पंचायत मतदाता सूची से नाम गायब होने के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
जानकारी के अनुसार, स्मृति ईरानी ने वर्ष 2021 में गौरीगंज क्षेत्र के मेदन मवई गांव में भूमि खरीदी थी और बाद में वहां अपना आवास बनवाया। गृह प्रवेश के बाद उनका नाम गांव के लीला टिकरा बूथ की मतदाता सूची में दर्ज हुआ था तथा उन्होंने वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में इसी बूथ पर मतदान भी किया था। इससे पहले वह मुंबई उत्तर-पश्चिम संसदीय क्षेत्र की मतदाता थीं।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि पंचायत चुनाव की मतदाता सूची विधानसभा और लोकसभा की मतदाता सूची से अलग होती है। पंचायत मतदाता सूची में नाम शामिल कराने के लिए अलग से आवेदन करना पड़ता है। अमेठी के जिलाधिकारी संजय चौहान ने बताया कि मामले की जांच कराई जा रही है और यह देखा जा रहा है कि संबंधित आवेदन पत्र जमा किया गया था या नहीं। आवेदन मिलने की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
वहीं मेदन मवई ग्राम पंचायत की प्रधान बबीता मिश्रा ने निर्वाचन अधिकारी गौरीगंज को पत्र लिखकर स्मृति ईरानी का नाम पंचायत मतदाता सूची में जोड़ने की मांग की है। दूसरी ओर उपजिलाधिकारी प्रीति तिवारी ने बताया कि पुनरीक्षण अभियान के दौरान नाम शामिल कराने के लिए कोई आवेदन प्राप्त नहीं हुआ था। फिलहाल प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहा है और रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






