प्रशांत किशोर का बड़ा ऐलान, 10 हजार युवाओं को नौकरी दिलाने की तैयारी; बोले- ‘साल भर का समय दीजिए’
जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने मंगलवार, 11 अगस्त 2026 को शहीद राम गोविंद सिंह गर्ल्स हाई स्कूल का दौरा किया, इस दौरान लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने रोजगार, शिक्षा और बिहार में बदलाव को लेकर कई बड़े दावे और घोषणाएं कीं प्रशांत किशोर ने कहा कि चुनाव जीतने के बाद कुछ लोग सवाल उठा रहे हैं कि वह पिछले कुछ दिनों से कहां हैं, उन्होंने कहा कि वह कहीं घूम नहीं रहे, बल्कि लोगों के काम में लगे हुए हैं, इसी दौरान उन्होंने कम से कम 10 हजार युवाओं को नौकरी दिलाने की व्यवस्था करने का ऐलान किया।
’10 हजार बच्चों की नौकरी लगवाने की व्यवस्था करेंगे’
लोगों को संबोधित करते हुए प्रशांत किशोर ने कहा कि जिन परिवारों के बच्चे पढ़-लिखकर बेरोजगार घूम रहे हैं, वे अपना सीवी जन सुराज के कार्यालय में जमा करें उन्होंने कहा, “आपका बाल-बच्चा पढ़-लिख लिया है और बेरोजगार घूम रहा है तो सीवी लाकर हमारे ऑफिस में दीजिए, कम से कम 10 हजार बच्चों की नौकरी लगवाने की व्यवस्था करेंगे”, प्रशांत किशोर ने कहा कि उनका उद्देश्य युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है और इसके लिए वह अपनी तरफ से प्रयास कर रहे हैं।
‘अभी नौकरी के लिए बाहर जाना होगा’
प्रशांत किशोर ने कहा कि फिलहाल बिहार में जन सुराज की सरकार नहीं है, इसलिए युवाओं को नौकरी के लिए दूसरे राज्यों या शहरों का रुख करना पड़ सकता है, उन्होंने कहा कि उनके संपर्क में रहने वाले लोगों से उन्होंने युवाओं के लिए रोजगार की व्यवस्था करने को कहा है, प्रशांत किशोर के मुताबिक, जब बिहार में जन सुराज की व्यवस्था बनेगी, तब युवाओं को नौकरी के लिए बाहर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी और राज्य में ही रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की कोशिश की जाएगी।
प्रशांत किशोर ने मांगा एक साल का समय
प्रशांत किशोर ने लोगों से अपनी समस्याओं के समाधान के लिए एक साल का समय देने की अपील की उन्होंने कहा कि समस्याएं बहुत हैं, लेकिन वह चुनाव जीतने के तुरंत बाद ही लोगों से मिलने इसलिए पहुंचे हैं ताकि जनता को यह महसूस न हो कि नेता केवल अगली बार वोट मांगने के समय ही वापस आते हैं, उन्होंने कहा कि अभी उन्होंने पूरी तरह कार्यभार संभाला नहीं है और आने वाले कुछ दिनों में काम शुरू होगा, उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि वे घबराएं नहीं और उन्हें एक साल का समय दें, प्रशांत किशोर ने दावा किया कि एक साल के भीतर लोगों को कई क्षेत्रों में बड़े बदलाव दिखाई देंगे।
‘सरकारी स्कूल बेहतर नहीं हुआ तो प्राइवेट स्कूल का खर्च उठाएंगे’
प्रशांत किशोर ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने जनता से पहले जो वादा किया था, उसके मुताबिक एक साल के भीतर सरकारी स्कूलों की स्थिति बेहतर करने की कोशिश की जाएगी, उन्होंने कहा कि अगर सरकारी विद्यालय में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ तो बच्चों की पढ़ाई के लिए स्थानीय निजी विद्यालय में दाखिले की व्यवस्था की जाएगी और इसका खर्च परिवार को नहीं उठाना पड़ेगा, प्रशांत किशोर ने कहा कि इसके लिए उनका कार्यालय बच्चों का नाम दर्ज कराने की व्यवस्था करेगा और अभिभावकों को अपनी जेब से खर्च नहीं करना होगा।
रोजगार और शिक्षा पर फोकस
प्रशांत किशोर के इस ऐलान के बाद रोजगार और शिक्षा के मुद्दे पर बिहार की राजनीति में चर्चा तेज होने की संभावना है, 10 हजार युवाओं को नौकरी दिलाने और सरकारी स्कूलों में सुधार के उनके दावों पर अब राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया भी सामने आ सकती है।






